राजनांदगांव.
महानगरों की तर्ज पर राजनांदगांव शहर में भी गैस की पाइप से गैस आपूर्ति का सपना आने वाले दो साल में फलीभूत हो जाएगा। अडानी पोर्टल गैस ने तेजी के साथ पाइप बिछाने का काम शुरू किया है। ठेलकाडीह में जहां पाइप लाइन के स्टेशन का काम तेजी से चल रहा है, वहीं दूसरी ओर टेडसरा तक गैस की पाइप भी बिछाई जा चुकी है।
मिली जानकारी के अनुसार, राजनांदगांव जिले में घरेलू, व्यावसायिक और औद्योगिक उपभोक्ताओं तक पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) पहुंचाने के लिए अडानी पोर्टल गैस लिमिटेड सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क विकसित कर रही है। पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस विनियामक बोर्ड ने कंपनी को राजनांदगांव में गैस वितरण नेटवर्क विकसित करने की अनुमति दी है। इस परियोजना में भूमिगत पाइप लाइन, घरेलू कनेक्शन और वाहनों के लिए नेटवर्क विकसित किया जाना है, जिसके अंतर्गत राजनांदगांव जिले में पीएनजी से घर घर कनेक्शन दिये जा सकेंगे। प्रथम दो वर्ष में शहर के उपभोक्ताओं को 400 कनेक्शन और दूसरे वर्ष में 1600 कनेक्शन दिये जाने का प्रावधान किया गया है। बताया गया है कि पाइप लाइन से कनेक्शन देने के लिए 6000 रुपये की राशि निर्धारित की गई है।
शहर में प्रथम चरण में दिग्वजय स्टेडियम से लेकर भदौरिया चौक से बसंतपुर, गोकुलनगर, आर के नगर क्षेत्र में कनेक्शन दिये जाने की योजना है। साथ ही साथ सरकारी स्कूल, उपक्रम जैसे अस्पताल, आंगनबाड़ी केंद्र में शत प्रतिशत कनेक्शन दिया जाएगा। आठ साल में राजनांदगांव शहर में सौ प्रतिशत कनेक्शन दिया जाएगा। इसके बाद राजनांदगांव जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में भी गैस पाइप लाइन विस्तार की योजना बनाई गई है।
तेजी से चल रहा कार्य
अधिकारियों का कहना है कि गैस पाइप लाइन बिछाने का कार्य तेजी के साथ किया जा रहा है। दो साल के भीतर राजनांदगांव शहर को इसका लाभ मिलने लगेगा। महत्वपूर्ण बात यह है कि राजनांदगांव जिले में आठ साल के भीतर सौ प्रतिशत गैस कनेक्शन दिये जाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। पीएनजी की तर्ज पर ही वाहन मालिकों के लिए हाइवे में दो सेंटर बनाए जा रहे हैं, जिसमें एक सेन्टर काकरिया फ्यूल्स और दूसरा सेन्टर चिचोला में बनाया जा रहा है।
घरेलू गैस का लगेगा मीटर
आने वाले दो साल में शहरवासियों को महंगे घरेलू गैस सिलेंडर से छुटकारा मिल जाएगा। एलपीजी के जगह पीएनबी (पाइप्स नेचुरल गैस ) अब लोगों के घरों तक पाइप लाइन के जरिए पहुंचेगी। गैस के खपत की गणना करने बकायदा घरों में मीटर लगाए जाएंगे। खपत के अनुसार इसका भुगतान करना होगा। इसमें यह तय है कि वर्तमान में महंगे एलपीजी सिलेंडर यह सिस्टम सस्ता हो जाएगा।






